ATM क्या है, What Is ATM Full Details In Hindi

आजकल व्यवसाय क्षेत्र में पैसों के लेन देन की सारी सुविधाएँ बदल गयी हैं। ऐसा परिवर्तन bank के कार्य प्रणाली में बदलाव के कारण हुआ है। Bank के ATM, ऑनलाइन transaction, Internet Banking से हमें बहुत ज्यादा आसानी हुई है। तो चलिए जानते हैं की ATM क्या है What Is ATM (Automated Teller Machine) और इसका इतिहास क्या है।

ATM (एटीएम) क्या है, What Is ATM

ATM को हम स्वचालित गणक मशीन के नाम से भी जानते हैं। यह एक टेली कम्युनिकेशन डिवाइस है जो अपने यूजर(कस्टमर) को वित्तीय सहायता प्रदान करती है। वित्तीय सहायता जैसे पैसे निकालना, पैसे जमा करना, पैसे ट्रान्सफर करना और खाते के बारे में जानकारी प्राप्त करना इत्यादि।

एटीएम का इतिहास

ATM का अविष्कार जॉन शेफर्ड बैरन (John Shepherd-Barron) ने 1960 में किया था। इसे अन्य नाम इसे आटोमेटिक बैंकिंग मशीन(Automatic banking machine), कैश पाइंट (Cash Point) , बैंनकोमैट (Bankomat) आदि से भी जाना जाता है। आधुनिक एटीएम का प्रयोग सर्वप्रथम लन्दन की बार्केले बैंक ने 27 जून, 1967 को किया था।

सबसे मजे की बात यह है की जॉन शेफर्ड बैरन का जन्म ब्रिटिश भारत में 23 जून 1925 को मेघालय के शिलांग में हुआ था। बैरन एटीएम के पिन को 6 अंक के रखने के पक्ष में थे। लेकिन उनकी पत्नी का मानना था की 6 अंक के पिन को याद रखने में लोगों को असुविधा होगी।इसलिए एटीएम पिन को केवल 4 अंक का ही रखा गया है।

भारत में पहला एटीएम हॉगकॉग एंड शंघाई बैंकिंग कॉरपोरेशन (एचएसबीसी) ने मुंबई में लगाया था। जो कि 1987 में भारत में लगाया गया था। वर्तमान में एटीएम का प्रयोग सर्वाधिक होता है। एटीएम इंडस्ट्री असोसिएशन के अनुसार आज विश्व में 5 मिलियन ATM प्रयोग किये जा रहे हैं।

Tag – atm information in hindi, Full Form of ATM and Meaning, ATM Ki Puri Jankari Hindi Me

ATM का USE कैसे करें

आजकल एटीएम का प्रयोग करना अधिकतर लोगों को पता है लेकिन हम इसकी पूरी प्रक्रिया पर एक बार अच्छे से जानते हैं। एटीएम कार्ड बैंकों द्वारा जारी किया गया एक प्लास्टिक कार्ड होता है। जिस पर आगे के भाग में कार्ड धारक की जानकारी तथा कार्ड के पिछले भाग में मैग्नेटिक स्ट्रिप पर कोड दिया गया होता है जो की एटीएम के द्वारा स्कैन करके यूजर की पहचान करता है और उनके account के मुख्य पेज पर ले जाता है। और सुरक्षा कोड की माँग करता है। इस सुरक्षा कोड को डालने के बाद यूजर अपने account से पैसे निकालने, पैसे डालने और बैलेंस की जाँच कर सकता है।

भारत में एटीएम को आपस में कनेक्ट करने का काम नेशनल फैनान्सिअल स्विच (NFS) करता है। इसकी स्थापना 2004 में की गयी थी। यह नेशनल पेमेंट कारपोरेशन द्वारा चलाई जाने वाली एक संस्था है।

भारत में पहला एटीएम 1987 में मुंबई में लगाया गया था। आज भारत में लगभग 2.6 लाख एटीएम कार्यरत हैं।

ATM कार्ड के प्रकार

एटीएम की सर्विस कुछ कंपनियों के द्वारा provide कराइ जाती है। जिससे कंपनियां बैंकों से उस सर्विस के लिए चार्ज लेती हैं। जो चार्ज हमसे bank भी समय समय पर लेती हैं।

  1. Rupay Debit Card– यह एक भारतीय डेबिट कार्ड है इसका उपयोग सीमित होता है। इसका उपयोग हम केवल India (भारत) में कर सकते हैं।
  2. Master Debit Card– इस डेबिट कार्ड का प्रयोग हम विश्व में कहीं भी कर सकते हैं। अधिकतर विश्व में इसी डेबिट कार्ड का प्रयोग किया जाता है। ये डेबिट कार्ड 210 देशों के व्यापारियों के द्वारा स्वीकार किया जाता है।
  3. Visa Debit card– वीसा डेबिट कार्ड saving bank account के लिए जारी किया जाता है।
  4. Other Cards – कुछ अन्य डेबिट कार्ड्स है जिनमे मेस्ट्रो डेबिट कार्ड, कांटेक्टलेस कार्ड हैं।  ये अधिक आधुनिक हैं और ग्राहकों को इसका अधिक चार्ज भी देना पड़ता है।

ATM की सुरक्षा के point

  • इसकी सुरक्षा के लिए सर्वप्रथम अपने पिन कोड(सुरक्षा कोड) को किसी भी व्यक्ति से शेयर नही करना चाहिए।
  • कार्ड खोने की स्तिथि में तुरंत bank से संपर्क करें और कार्ड को निरस्त (ब्लाक) करवा दें।
  • ऑनलाइन भुगतान करते समय किसी पब्लिक wifi का प्रयोग न करें और इसके साथ ही जिस वेबसाइट पर आप भुगतान कर रहें है जान लें की वो सुरक्षित है, ये जानने के लिए आप केवल https:// वाले लिंक वाली वेबसाइट्स पर ही भुगतान करें।
  • Fraud होने पर आप तुरंत साइबर सेल में रिपोर्ट करें इससे आपके पैसे वापस मिलने की अधिक उम्मीद रहती है।
  • पैसे निकालने में किसी अजनबी व्यक्ति की सहायता ना लें। ( इससे आपके साथ फ्रॉड की ज्यादा सम्भावना बढ़ जाती है )

Questions And Answers About ATM Cards

किसी एक bank का एटीएम कार्ड दुसरे bank के एटीएम में कार्य करता है या नहीं ?

Answer – आपको पता ही पता ही होगा की अगर आप के पास किसी bank का ATM है तो आप उसे किसी भी bank के ATM में यूज़ कर सकते हैं साथ ही अगर आप किसी शॉप या मॉल में खरीददारी करते हैं तो आप अपने कार्ड को स्वैप भी कर सकते हैं चाहे वो किसी भी bank का हो।

मुझे ATM card बदलना है?

Answer– ATM Card बदलने के लिए आपको अपने बैंक से संपर्क करना पड़ेगा। इसके साथ ही आपको एटीएम कार्ड के बदलने का कारण भी बताना होगा। अगर आपके कार्ड के Details किसी अन्य व्यक्ति के पास पहुँच गए हो तो आप तुरंत बैंक से संपर्क करके अपने कार्ड को ब्लॉक करवा दें।

मुझे एटीएम कार्ड की जानकारी लेना है कि मेरा कार्ड इशू हुआ है फिर वो कहाँ है ?

Answer-अगर आपने ATM कार्ड के लिए बैंक में अप्लाई किया था और वो आप तक अभी नही पहुंचा है तो आप बैंक से दोबारा संपर्क कर सकते हैं आपको सभी विवरण बैंक से पता चल जाएंगे।

मेरे ATM कार्ड से पैसे नही निकल रहें हैं?

Answer– अगर आप अपने ATM Card से किसी भी प्रकार से कोई transaction नही कर पा रहें हैं। तो आप बैंक से जानकारी ले सकते हैं कि आपका कार्ड ब्लॉक तो नही हुआ है। इसके अलावा अगर आप सिर्फ ATM मशीन्स से पैसे नही निकाल पा रहें हैं तो आप कार्ड को अच्छे से देखें कहीं आपका एटीएम कार्ड फिजिकली डैमेज तो नही हैं। जैसे आपका कार्ड टूटा न हो, आपके ATM Card के मैग्नेटिक स्ट्रिप पर कोई गहरी खरोंच तो नही है। अगर ऐसी स्तिथि है तो आप दूसरे ATM कार्ड के लिए अप्लाई कर दें।

Debit Card/ATM Card बनवाने के लिए क्या करें?

Answer– कुछ bank आपको एटीएम कार्ड/ डेबिट कार्ड की सुविधा खाता खोलने के समय पर ही उपलब्ध करा देती हैं। अगर आपके पास ATM Card उपलब्ध नही है तो आप का खाता जिस बैंक में हो आप उस शाखा से संपर्क करके अपना ATM Card/ Debit Card प्राप्त कर सकते हैं।

ATM कॉर्ड कितने समय में Start हो जाता है?

Answer– ATM कार्ड स्टार्ट होने का कोई समय नहीं निश्चित है, जैसे ही आप अपने एटीएम कार्ड के पिन को वेरीफाई कर लेते हैं उसके बाद आप अपने कार्ड को USE कर सकते हैं।

बगैर ATM CARD के अपने फ़ोन से TRANSACTION कैसे करें?

Answer– अगर आपके पास एटीएम कार्ड नही है और आप ऑनलाइन transaction करना चाहते हैं तो आपके bank account में mobile बैंकिंग या इन्टरनेट बैंकिंग enable होना जरुरी है तभी आप ऑनलाइन ट्रांसक्शन कर सकते हैं।

इसे भी पढ़े-

मैं शिवम् यशश्वी आपका हिंदी ब्लॉग एडवाइस में स्वागत करता हूँ, मैंने ये ब्लॉग आप लोगों को ब्लॉग्गिंग से सम्बंधित जानकारी मुहैया कराने के लिए बनाया है. मुझे आशा है की आप लोग इस ब्लॉग को सपोर्ट करेंगे.

हैप्पी ब्लॉग्गिंग…

Tags:

Add a Comment

Your email address will not be published. Required fields are marked *